सिधौना : हरिद्वार के लिए निकले गायब युवक का शताब्दी न्यूज के चलते लगा सुराग, लोहे के चेन में बांधकर रखते थे बदमाश, परिजनों तक सकुशल पहुंचा वापस



सिधौना। बीते कई दिनों से गायब क्षेत्र के ददरा दरबेपुर गांव निवासी युवक शताब्दी न्यूज की खबर के बाद 5वें दिन जाकर पड़ोसी जिले में मिला। जिसके बाद परिजन जाकर उसे लेकर घर आए। दरबेपुर निवासी विकास पुत्र रामचंद्र बीते शनिवार को घर से ये कहकर निकला था कि वो हरिद्वार जा रहा था। इसके लिए वो वाराणसी के कैंट स्टेशन पहुंचा और टिकट कटाया। लेकिन यात्रा पर नहीं जा सका। इसके बाद घर पर फोन कर कहा कि वो किसी अंजान जगह आ गया है। इसके बाद फोन बंद हो गया और बात नहीं हो सकी। इस घटना के बाद परिजन हलकान हो गए थे और थाने में तहरीर भी दी थी। वापस आने के बाद उसने पूरी बात बताई। बताया कि वो आरकेस्ट्रा चलाता है। जिसके लिए उसका एक ग्रुप भी है। इस बीच गायब होने के 4-5 दिन पूर्व उसके मोबाइल पर उसके ही एक सहयोगी के मोबाइल से फोन आया था कि जिसके साथ रहते हो, उसका साथ छोड़ दो। जब उसने सहयोगी से पूछा तो उसने बताया कि उसने मोबाइल बनने के लिए दिया था। ये फोन मैंने नहीं किया है। इसके बाद विकास थोड़ा सहम गया और उसने घूमने का प्लान बनाया और हरिद्वार के लिए निकल गया। उसने बताया कि वो जब वो कैंट स्टेशन पर टिकट ले चुका था और ट्रेन के इंतजार में स्टेशन पर बैठा था। उसी समय एक व्यक्ति आया और उसका बैग उठाकर भागने लगा। जब उसने बैग लेने के लिए दौड़ाया तो किसी दूसरे ने उसके मुंह पर कुछ स्प्रे कर दिया। जिससे वो अचेत हो गया। इसके बाद वो किसी बोलेरो में बिठाकर उसे लोहे के चेन व ताले से बांध दिया। घर आने के बाद उसकी मां सुशीला ने बताया कि उसके शरीर को चेन से जकड़कर वो उसे दिन में किसी घर में रखते थे और रात में गाड़ी में घुमाते थे। 5वें दिन उसे आजमगढ़ के लालगंज स्थित नसीरपुर के नया बस स्टॉप के पास खेत में छोड़ दिया। लेकिन वो समझ नहीं पा रहा था। इस बीच शताब्दी न्यूज की खबर देखकर लोगों ने उसके परिजनों को सूचित किया तो परिजन पुलिस को सूचना देकर वहां पहुंचे और उसे लेकर घर आए। विकास को सकुशल पाकर उनकी आंखें भर आईं। विकास के शरीर में लोहे की चेन बंधी थी। हालांकि पैर में बंधी चेन व ताला खुला था लेकिन शरीर में अब भी चेन बंधी हुई थी। मां ने बताया कि अब भी वो ढंग से बोल नहीं पा रहा है।
