कैथी : कृष्ण सुदामा ग्रुप के चेयरमैन डॉ. विजय यादव व वाइस चेयरमैन ने फिर बढ़ाया जिले का गौरव, वियतनाम के हनोई में अंतर्राष्ट्रीय सम्मान से हुए सम्मानित

कैथी। वाराणसी, गाजीपुर व आजमगढ़ के कृष्ण सुदामा ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशंस के चेयरमैन डॉ. विजय यादव व वाइस चेयरमैन डॉ. वंदना यादव ने एक बार फिर से पूर्वांचल सहित प्रदेश को गौरवान्वित किया है। उन्हें वियतनाम की राजधानी हनोई में अंतरराष्ट्रीय सम्मान से नवाजा गया है। ये सम्मान उन्हें देश की शिक्षा, चिकित्सा और सामाजिक सेवा के क्षेत्र में उनके उत्कृष्ट योगदान के लिए दिया गया है। वियतनाम में आयोजित बिज़नेस अवार्ड-2025 समारोह में उन्हें ये सम्मान प्रदान किया गया। इस कार्यक्रम में वियतनाम सरकार, भारत सरकार और उत्तर प्रदेश के भी प्रतिनिधिमंडल उपस्थित थे। पूरे भारत से चुने गए सिर्फ 51 प्रतिष्ठित व्यक्तियों को ही ये सम्मान मिला, जिसमें चेयरमैन डॉ. विजय यादव व उनकी पत्नी और वाइस चेयरमैन डॉ. वंदना यादव भी शामिल हैं। सम्मान हासिल होने के बाद वियतनाम से ही शताब्दी न्यूज से फोन पर विशेष वार्ता करते हुए संस्थान के चेयरमैन डॉ. विजय यादव ने बताया कि मेरे व वाइस चेयरमैन डॉ. वंदना यादव के नेतृत्व में कृष्ण सुदामा ग्रुप स्नातक और स्नातकोत्तर के विभिन्न पाठ्यक्रमों में निःशुल्क शिक्षा प्रदान कर रहा है। जिनमें बीए, बीएससी, बीकॉम, बीसीए, बीबीए और पॉलिटेक्निक जैसे आवश्यक कोर्स शामिल हैं। बताया कि संस्थान छात्र-छात्राओं के लिए अलग छात्रावास की सुविधा भी उपलब्ध कराता है। साथ ही यहां प्रतिदिन सुबह साढ़े 6 बजे से योगाभ्यास का आयोजन होता है। जिसमें कॉलेज के साथ ही बाहर के लोग भी हिस्सा ले सकते हैं। बताया कि कॉलेज की गोशाला से छात्रों को दैनिक दूध और छाछ उपलब्ध कराया जाता है। बताया कि गोशाला में भारत की बेहद चुनिंदा नस्ल के गोवंश हैं। इसके अतिरिक्त, प्रवेशित विद्यार्थियों के अभिभावकों के लिए पतंजलि के प्रशिक्षित विशेषज्ञों द्वारा पंचकर्म, आयुर्वेद और नेचुरोपैथी विधि से निःशुल्क थेरेपी की व्यवस्था की गई है। बताया कि ये थेरेपी शरीर से विषाक्त पदार्थ निकालने, जोड़ों के दर्द, मधुमेह और अन्य बीमारियों से मुक्ति पाने में सहायक है। इन सभी सुविधाओं का खर्च कृष्ण सुदामा संस्थान ट्रस्ट द्वारा वहन किया जाता है, ताकि छात्र बिना किसी चिंता के अपनी पढ़ाई पर ध्यान केंद्रित कर सकें। उनकी इन्हीं उपलब्धियों के ये पुरस्कार दिया जा रहा है। वहीं वियतनाम में इस अंतरराष्ट्रीय सम्मान मिलने के बाद पूरे पूर्वांचल के छात्रों और शिक्षकों में उत्साह का माहौल है। उन्होंने कहा कि ये सम्मान केवल उनका नहीं, बल्कि पूरे गाजीपुर, बनारस और पूर्वांचल का सम्मान है। इस सम्मान से उनका उत्साह बढ़ा है और समाज के प्रति उनका दायित्व भी बढ़ गया है। बता दें कि बीते वर्ष दुबई में भी उन्हें अंतरराष्ट्रीय सम्मान मिला था।

